डीएलएड पर फैसले के बाद 90000 शिक्षकों की बहाली की तैयारी, कोर्ट के निर्णय को चुनौती नहीं देगी बिहार सरकार

 

पटना । बिहार में अब 90 से ज्यादा प्रारंभिक शिक्षकों की बहाली का रास्ता साफ होते दिख रहा है। सरकार हाईकोर्ट के फैसले को मानते हुए डीएलएड की मान्यता वाले आदेश को चुनौती नहीं देगी।बिहार के 71 हजार स्कूलों में 90763 प्रारंभिक शिक्षकों की बहाली की प्रक्रिया जल्द ही दोबारा शुरू होगी। एनसीटीई द्वारा एनआईओएस से 18 महीने के डीएलएड कोर्स को मान्यता देने के बाद अब स्थगित नियोजन की प्रकिया फिर से शुरू करने का रास्ता साफ हो गया है। अधिकतर नियोजन ईकाई में मेधा सूची प्रकाशित हो गयी थी। अब नये शामिल अभ्यर्थियों के आधार पर नये सिरे से मेधा सूची जारी होगी।एनसीईटी से शिक्षा विभाग को पत्र मिलने के बाद अब हाईकोर्ट के फैसले को मानते हुए एलपीए दायर नहीं किया जाएगा। एनआईओएस से 18 महीने का डीएलएड के साथ टीईटी पास अभ्यर्थियों को नियोजन में शामिल होने का मौका मिलेगा। प्राथमिक शिक्षा निदेशन डॉ रणजीत कुमार सिंह ने कहा कि एनसीटीई से मान्यता मिलने के बाद अब इस पर कोई कन्फ्यूजन नहीं है।