सरकार की उदासीनता के चलते*सड़क के गढ्ढों को पाटने में खुद आगे आए फार्मर।*

गगन मिश्रा पड़रिया तुला

* रोज-रोज होने वाली दुर्घटनाओं से से आहत क्षेत्र के किसानों ने खुद ही सड़क सही करने का बीड़ा उठाया जिस जगह पर फार्मरों द्वारा मिट्टी तथा पत्थर डाले गए वहां पर कई दुर्घटनाएं भी हो चुकी हैं और बहुत भारी गड्ढा होने की वजह से दुर्घटना होने की संभावना भी बहुत प्रबल रहती है पड़ोस नाला होने के कारण सड़क पर बहुत ही बड़ा गड्ढा बन गया है जिस कारण काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ता था और शासन प्रशासन से कई बार निवेदन करने के बाद भी कोई कदम ना उठाया जाने के बाद किसानों ने गुस्से में आकर खुद सड़क पटाई का कार्य कर डाला भीरा पलिया मार्ग पर मरहिया पुल के पास बड़े बड़े गढ्ढे हो जाने से किसी बड़ी घटना होने का भय हर समय बना रहता था। दुधवा पार्क एवं नेपाल बॉर्डर से जोड़ने वाली इस सड़क पर काफी ट्रैफिक चलता है। जिससे हर वक्त बड़ी घटना होने का डर सताता रहता था। समाचार पत्रों व सोशल मीडिया पर खबरें प्रकाशित हुई। परन्तु जिम्मेदारों ने अपनी जिम्मेदारी निभानी उचित नही समझी। हिन्दुस्तान अखबार के पत्रकार संदीप शर्मा द्वारा क्षेत्र के मटेहिया प्रधान इंद्रजीत सिंह, अमरजीत सिंह खैरा, पूर्व सभासद सुखपाल कौर, वीरेंद्र सिंह टोनी आदि से बड़े गड्ढों को समाज हित में पाटने के लिए निवेदन किया गया जिस पर उन्होंने तत्काल जेसीबी की मदद से बड़े पत्थरों को डालकर गड्ढे को पाटा तथा उसके ऊपर मिट्टी डालने का सराहनीय कार्य किया।*