12 साल बाद फिर शुरू होगा राजस्थान का फलाईंग स्कूल

 जयपुर। प्रदेश का एक मात्र फ्रलाईंग स्कूल के फिर से शुरू होने में कुछ ही समय का इंतजार है। इस स्कूल को पीपीपी मॉडल पर शुरू करने के लिए वित्त विभाग ने अपनी मंजूरी दे दी है और अब आयोजना विभाग से स्वीकृति मिलने का इंतजार है। सिविल एविएशन विभाग के अधिकारियों का कहना है कि आने वाले कुछ महीनों में स्कूल को फिर से शुरू कर दिया जाएगा। मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने 12 साल से बंद स्टेट फ्रलाईंग स्कूल को फिर से शुरू करने की बजट घोषणा की थी। इस पर सिविल एविएशन विभाग ने पीपीपी मॉडल पर शुरू करने का प्रस्ताव वित्त विभाग को भेज दिया था। वित्त विभाग ने तमाम परीक्षण के बाद प्रस्ताव को मंजूरी देते हुए इसे आयोजना विभाग को भेज दिया है। प्रदेश में संचालित सभी पीपीपी प्रोजेक्ट की मंजूरी आयोजना विभाग ही जारी करता है। सिविल एविएशन विभाग के अधिकारियों के अनुसार पीपीपी मॉडल पर संचालित करने वाला सेवा प्रदाता ही सभी संसाधन उपलब्ध कराएगा। राज्य सरकार की ओर से इसके संचालन के लिए जगह और एयरक्राफृट उपलबध कराया जाएगा। स्कूल में प्रदेश के युवा हवाई जहाज चलाने का व्यवसायिक प्रशिक्षण ले सकेंगे और रोजगार भी प्राप्त कर सकेंगे।वर्ष 2008 में इस स्कूल पर एसीबी का छापा पड़ा था और कमर्सियल पायलेट लाइसेंस जारी करने में जम कर अनियमिताएं हुई थी। अनियमिताओं के बाद इस इस स्कूल को बंद कर दिया था। लेकिन मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के प्रयास से इस स्कूल को फिर से शुरू किया जा रहा है।