डीएम ने किया चार पीएचसी का औचक निरीक्षण, स्वास्थ्य सेवाओं में लापरवाही पर जताई नाराजगी
बलवान सिंह ब्यूरो चीफ बाराबंकी* बाराबंकी : जनपद में स्वास्थ्य सेवाओं को अधिक प्रभावी, सुलभ और संवेदनशील बनाने की दिशा में जिलाधिकारी श्री शशांक त्रिपाठी लगातार स्थलीय निरीक्षण कर रहे हैं। इसी क्रम में बुधवार को उन्होंने मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. अवधेश यादव के साथ तहसील फतेहपुर अंतर्गत सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) घुँघटेर के अधीन संचालित चार प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों कुर्सी, टिकैतगंज, बड्डूपुर और खिझना का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने चिकित्सकों की उपस्थिति, मरीजों की संख्या, दवाओं की उपलब्धता, स्वच्छता, रजिस्टर संधारण और मातृ-शिशु स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता की बारीकी से जांच की। उन्होंने निर्देश दिए कि सभी पीएचसी पर 22 प्रकार की जांच सेवाएं सुलभ हों और सभी आवश्यक दवाएं अस्पताल से ही मरीजों को उपलब्ध कराई जाएं। निरीक्षण में पाया गया कि कुर्सी, टिकैतगंज और खिझना पीएचसी पर अभी तक संस्थागत प्रसव की सुविधा शुरू नहीं हो पाई है, जो ग्रामीण महिलाओं के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। इस पर जिलाधिकारी ने तत्काल प्रभाव से इन केंद्रों पर प्रसव सेवाएं शुरू करने के निर्देश दिए। बड्डूपुर पीएचसी पर लापरवाही देखने को मिली, जहां स्टाफ बिना एप्रिन के ड्रेस कोड का उल्लंघन करते हुए कार्य कर रहा था। इस पर जिलाधिकारी ने नाराजगी जताते हुए संबंधित कर्मचारियों से स्पष्टीकरण तलब करने और उनका वेतन बाधित करने के निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने कहा कि सरकारी सेवाओं में अनुशासन, स्वच्छता और जवाबदेही अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने पीएचसी परिसरों की साफ-सफाई, शौचालयों की स्थिति और बायोमेडिकल वेस्ट के उचित निस्तारण पर विशेष जोर दिया। साथ ही निर्देश दिए कि मरीजों के प्रति स्टाफ का व्यवहार संवेदनशील और सहयोगात्मक होना चाहिए। खिझना पीएचसी परिसर में छायादार वृक्ष लगाने के भी निर्देश दिए गए। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने ग्राम प्रधानों व ग्रामीणजनों से संवाद कर उनकी समस्याएं सुनीं। ग्रामीणों ने समय से इलाज और दवाएं मिलने पर संतोष व्यक्त करते हुए प्रशासन के प्रति आभार जताया। इस मौके पर उपजिलाधिकारी फतेहपुर सहित अन्य संबंधित अधिकारी भी उपस्थित रहे।



