1.26 करोड़ रुपये के धान गबन मामले में 4-पैक्स पूर्व अध्यक्ष कुंदन साह गिरफ्तार
-दो थानों की संयुक्त टीम ने तीनगछिया से दबोचा
-अन्य सहयोगियों पर भी गिरेगी गाज
भारत पोस्ट संवाददाता
कटिहार। बिहार के कटिहार जिला अंतर्गत डंडखोरा थाना क्षेत्र में सहकारिता और धान खरीद प्रणाली में वित्तीय अनियमितता का एक बड़ा मामला उजागर होने के बाद पुलिस ने मुख्य आरोपी के खिलाफ कानूनी शिकंजा कस दिया है। प्रखंड की महेशपुर पंचायत के पैक्स गोदाम में वित्तीय सत्र 2022.23 के दौरान हुए 1 करोड़ 26 लाख रुपये की भारी हेरफेरी और धान गबन ;धान घोटाला? मामले में नामजद अभियुक्त व पूर्व पैक्स अध्यक्ष कुंदन प्रसाद साह को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। इस हाई.प्रोफाइल गिरफ्तारी के बाद जिले के अन्य पैक्स पदाधिकारियों और बिचौलियों के बीच हड़कंप मच गया है।
सहकारिता विभाग की ऑडिट और भौतिक सत्यापन के दौरान यह बात सामने आई थी कि वित्तीय वर्ष 2022.23 में किसानों से धान खरीद और गोदाम में भंडारण के रिकॉर्ड में भारी हेरफेरी की गई थी। कागजों पर धान दिखाकर सरकारी राशि का बड़े पैमाने पर दुरुपयोग किया गया था।
आरोपी की तलाश में डंडखोरा थाना और कटिहार नगर थाना की पुलिस ने एक संयुक्त विशेष टीम का गठन किया। पुलिस टीम ने गुप्त सूचना के आधार पर कटिहार के तीनगछिया क्षेत्र में छापेमारी की, जहां आरोपी अपने नए मकान के निर्माण कार्य की देखरेख कर रहा था। पुलिस ने घेराबंदी कर उसे मौके पर ही हिरासत में ले लिया। गिरफ्तार व्यक्ति की पहचान महेशपुर पंचायत के टिकैली गांव निवासी कुंदन प्रसाद साह के रूप में हुई है, जो महेशपुर पैक्स के पूर्व अध्यक्ष रह चुके हैं। पैक्स गोदाम से सरकारी अनाज ;धानद्ध के अवैध गायब होने और वित्तीय धोखाधड़ी के ठोस सबूत मिलने के बाद विभाग द्वारा आरोपी के खिलाफ विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कराया गया था।
पुलिस और सहकारिता विभाग के आधिकारिक सूत्रों के अनुसारए कुंदन प्रसाद साह की गिरफ्तारी के बाद अब इस बात की कड़ाई से जांच की जा रही है कि इस 1.26 करोड़ रुपये के धान घोटाले में बैंक अधिकारियों, मिल मालिकों या विभाग के किसी अन्य कर्मी की संलिप्तता तो नहीं थी। गोदाम के पुराने वितरण और स्टॉक रजिस्टर को जब्त कर आगे की कड़ियों को जोड़ा जा रहा है। डंडखोरा थाना पुलिस ने आवश्यक कागजी कार्रवाई और स्वास्थ्य परीक्षण के बाद गिरफ्तार पूर्व अध्यक्ष को न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है।



