एएचपीआई ने स्वास्थ्य बीमा के सिबिल जैसा रेटिंग सिस्टम अपनाने की मांग की

 

यूपी , एसोसिएशन ऑफ हेल्थकेयर प्रोवाइडर्स इंडिया (AHPI) के वेस्ट यूपी चैप्टर ने स्वास्थ्य बीमा क्षेत्र में पारदर्शिता और जवाबदेही बढ़ाने के लिए बीमा कंपनियों और TPAs के लिए CIBIL जैसे रेटिंग सिस्टम को लागू करने की मांग की है। यह मांग AHPI वेस्ट यूपी के पहले सम्मेलन में प्रमुख रूप से उठाई गई। एक सम्मेलन के दौरान मुरादाबाद मंडल के आयुक्त अंजनेय कुमार सिंह ने कहा कि अस्पतालों के संस्थागत डेटा को जिला योजना और प्रशासनिक जानकारियों से जोड़ना प्रभावी नीति निर्माण के लिए आवश्यक है।

एएचपीआई के महानिदेशक डॉ. गिरधर ज्ञानी ने कहा कि AHPI एक विश्वसनीय और तथ्य-आधारित मंच के रूप में उभर रहा है। उन्होंने देश में अस्पताल बेड की कमी की ओर ध्यान दिलाते हुए क्षमता विस्तार और आयुष्मान भारत जैसी योजनाओं के तहत समय पर भुगतान को अस्पतालों की स्थिरता के लिए जरूरी बताया।एएचपीआई वेस्ट यूपी चैप्टर के अध्यक्ष डॉ. अनुराग मेहरोत्रा ने कहा कि जैसे बैंकिंग सेक्टर में सिबिल CIBIL स्कोर पारदर्शिता लाता है, वैसे ही स्वास्थ्य बीमा क्षेत्र में भी एक स्टैंडर्ड रेटिंग सिस्टम जरूरी है। इससे मरीजों को सही विकल्प चुनने में मदद मिलेगी और अस्पतालों के साथ निष्पक्ष व्यवहार सुनिश्चित होगा।

उन्होंने बताया कि प्रतिपूर्ति दरों, क्लेम कटौती में पारदर्शिता की कमी और भुगतान में देरी के कारण अस्पतालों और बीमा कंपनियों के बीच विवाद बढ़ रहे हैं, जिसका सीधा असर मरीजों पर पड़ता है। सम्मेलन में पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कई जिलों से वरिष्ठ डॉक्टर, अस्पताल संचालक और हेल्थकेयर लीडर्स शामिल हुए। वहीं, 4Sight Advisor के डायरेक्टर डॉ. सुनील कपूर ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की भूमिका पर प्रकाश डालते हुए इसे जिम्मेदारी और नैतिकता के साथ अपनाने पर बल दिया।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button