अनित थापा ने कोलकाता में श्रम मंत्री से मुलाकात कर चाय श्रमिकों को 20% बोनस देने की मांग
सिलीगुड़ी: पहाड़ पर अपनी पकड़ मजबूत करने के लिए जीटीए प्रमुख अनीत थापा लगातार प्रयासरत है। हिल्स में 85 चाय बागान है। इससे जुड़े श्रमिक और उनके परिवार उनका साथ दे इसलिए वह श्रमिकों के हित में कदम उठाना शुरू कर दिया है। थापा ने बताया कि मैने कोलकाता में पश्चिम बंगाल सरकार के माननीय श्रम मंत्री मलय घटक से मुलाकात की। इस मुलाकात का उद्देश्य दार्जिलिंग के चाय बागान श्रमिकों के बोनस मुद्दे का समाधान और 20% बोनस की मांग करना था। मैंने एक ज्ञापन के माध्यम से बैठक में उठाए गए मुद्दों से भी अवगत कराया है। मैंने एक पत्र के माध्यम से दार्जिलिंग के चाय बागान श्रमिकों को वार्षिक बोनस के भुगतान में आ रही समस्या की ओर मंत्री महोदय का ध्यान आकर्षित किया है और कहा है कि हर साल, जैसे-जैसे पूजा का त्योहार नजदीक आता है, बोनस में देरी, विवाद और समस्याओं के कारण श्रमिकों को असमंजस, चिंता और परेशानी का सामना करना पड़ता है। ये श्रमिक अपने परिवार का भरण-पोषण इसी आय पर निर्भर करते हैं। मैंने कहा कि दार्जिलिंग के चाय बागान श्रमिक विश्व प्रसिद्ध चाय की सफलता की रीढ़ हैं। इसलिए, उन्हें अपने अधिकारों के लिए हर साल संघर्ष करना पड़ता है। बोनस के मुद्दे का स्थायी समाधान न होने से समस्याएँ बार-बार सामने आ रही हैं। श्रमिकों ने इस वर्ष 20% बोनस की मांग की है। चाय की बढ़ती कीमतों और जीवन-यापन की बढ़ती लागत को देखते हुए बोनस में वृद्धि उचित है। ये माँगें उचित और न्यायसंगत हैं।इस संबंध में, मैंने श्रम विभाग और अन्य हितधारकों से श्रमिकों के हित में चर्चा और निर्णय लेने की अपील की है, ताकि चाय बागानों में दीर्घकालिक शांति और स्थिरता बनी रहे।मैं हमारे चाय बागान श्रमिकों को न्यूनतम न्याय और अधिकार सुनिश्चित करने के लिए मंत्री ज्यू के नेतृत्व में शीघ्र हस्तक्षेप और उचित कदम उठाए जाने की अपेक्षा करता हूँ।




