स्नेहए, आइ में एप से छात्राओं को मिलेगी स्वास्थ्य, मेंटल हेल्थ व जेंडर की जानकारी
जीडी कॉलेज में सेहत केंद्र इकाई के तहत स्नेह एआइ वाषसबोट पर एक कार्यशाला का आयोजन
नन्दकिशोर दास
बेगूसराय ब्यूरो। जीडी कॉलेज में सेहत केंद्र इकाई के तहत स्नेह एआइ वाषसबोट पर एक कार्यशाला का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम बिहार राज्य एड्स कंट्रोल समिति, बिहार राज्य स्वास्थ्य समिति, सेहत केंद्र, राष्ट्रीय सेवा योजना एवं पापुलेशन फाउंडेशन आफ इंडिया के संयुक्त तत्वाधान में आयोजित की गयी। कार्यक्रम में महाविद्यालय के स्वयंसेवकों को प्रशिक्षण दिया गया।पटना से आये हुए रिसोर्स पर्सन को सेहत केंद्र के पियर एडुकेटर सुमित कुमार के द्वारा सम्मानित किया गया। कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए रिसोर्स पर्सन दीपिका व नीलांशु के द्वारा नोडल ऑफिसर डॉ. सहर अफरोज और कार्यक्रम अधिकारी दिनेश कुमार को सम्मानित किया गया। सेहत केंद्र की नोडल ऑफिसर डा. सहर अफ़रोज़ ने छात्राओं को सेहत केंद्र से संबंधित जानकारियां साझा की। इस अवसर पर पापुलेशन फाउंडेशन आफ इंडिया की दीपिका कुमारी रिसोर्स पर्सन के रूप में छात्रओं को स्नेहए, आइ के माध्यम से बालिकाओं में आनलाइन सेफ्टी सहित अन्य बिंदुओं पर छात्राओं के श्रीध में जानकारी साझा की। उन्होंने कहा कि छात्राएं स्नेहए, आइ में एप से स्वास्थ्य, मेंटल हेल्थ व जेंडर की जानकारी मिलेगी। लाग-इन करेंगी तो एप के माध्यम से स्वास्थ्य, मेंटल हेल्थ और जेंडर आदि के बारे में जानकारी मिलेगी। फाउंडेशन ऑफ इंडिया पटना के सीनियर प्रोग्राम स्पेशलिस्ट नीलांशु कुमार एवं एनालिस्ट दीपिका कुमारी ने कहा कि यौन एवं प्रजनन स्वास्थ्य, स्नेह एआई, साइबर बुलिंग, ऑनलाइन थ्रेट्स और साइबर स्टॉकिंग जैसे विषयों पर जागरूक होना आज के समय के लिए अति आवश्यक है। कार्यक्रम में “चैट विद स्नेह एआई” स्कीम की विस्तृत जानकारी दी गई। राष्ट्रीय सेवा योजना यूनिट दो के कार्यक्रम पदाधिकारी दिनेश कुमार ने जानकारी साझा करते हुए कहा कि स्नेहएआइ वाषसबोट के माध्यम से छात्र-छात्राएं स्टोरीज, वीडियो, क्विज व हेल्पलाइन नंबर की सहायता लेकर अपनी समस्याओं का समाधान प्राप्त कर सकते हैं। पियर एडुकेटर सुमित कुमार ने कहा कि सिर्फ स्मार्टफोन रखने से हम स्मार्ट नहीं हो जाते हैं। हमें अपने स्वास्थ्य की सुरक्षा के लिए भी स्मार्ट रहने की आवश्यकता है। इस मौके पर पियर एडुकेटर सुमित कुमार, मनीषा, प्रियांशु, महिमा, फलक, विक्रम राठौर, राजन, सफक इरशाद, कृतिका, अभिनव, याशमीन सहित अन्य स्वयंसेवक मौजूद थे।




