जिला प्रशासन ने कसी कमर, बाढ़ आपदा से निपटने को बनाई मजबूत रणनीति !
समन्वय, सतर्कता और संसाधनों की पूर्व तैयारी के दिए निर्देश !
अधिकारी निभाए अपनी जिम्मेदारी, रिसोर्स मैनेजमेंट की रहे तैयारी– जिला कलक्टर
कोटपूतली-बहरोड़-
जिले में संभावित बाढ़ व आपदाओं से निपटने को लेकर कलेक्ट्रेट सभागार में बाढ़ आपदा प्रबंधन की अहम बैठक आयोजित हुई। जिला कलक्टर कल्पना अग्रवाल ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि आपदा के समय जान-माल की हानि को रोकने के लिए प्रो-एक्टिव अप्रोच अपनाएं और डिजास्टर मैनेजमेंट एक्ट की नियमावली के अनुरूप तत्परता से कार्य करें। कलक्टर ने कहा कि सभी विभागों में आपसी समन्वय आवश्यक है ताकि आपदा की स्थिति में एकीकृत और तेज गति से राहत एवं बचाव कार्य किए जा सकें। उन्होंने अधिकारियों को सूचना तंत्र को सक्रिय रखने, ग्रामीण स्तर तक अलर्ट नेटवर्क विकसित करने और सरकारी भवनों को अस्थायी राहत शिविरों के रूप में चिन्हित करने के निर्देश दिए।
प्रभावी प्रबंधन की रूपरेखा—-
जिला कलक्टर ने कंट्रोल रूम में प्रशिक्षित कर्मियों की तैनाती सुनिश्चित करने तथा सभी अनुभागों में कन्ट्रोल यूनिट्स बनाने के निर्देश दिए ताकि स्थानीय स्तर पर सूचनाओं का त्वरित आदान-प्रदान हो सके। साथ ही डॉक्टर्स, गोताखोर, नाव चालक, खाद्य आपूर्तिकर्ता, प्लंबर जैसे आवश्यक सेवा से जुड़े लोगों की सूची और मोबाइल नंबर अपडेट रखने के निर्देश दिए गए। इसके साथ ही दवाएं, ओआरएस, ब्लीचिंग पाउडर व मेडिकल स्टाफ का प्रबंध भी पहले से सुनिश्चित करने की बात कही गई। जिले के पहुंचविहीन गांवों में पहले से दवाएं व चिकित्सा अमला भेजने की रणनीति तैयार करने के निर्देश दिए।
संसाधनों की पूर्व व्यवस्था पर जोर—-
जनरेटर, पंप सेट, मिट्टी के कट्टे आदि की सूची तैयार करने और सिविल डिफेंस तथा होमगार्ड टीमों की तैयारियों को पुख्ता रखने के निर्देश दिए गए। संभावित टापू क्षेत्रों और जर्जर भवनों की पहचान कर आवश्यक सुधार के निर्देश भी बैठक में दिए गए।
एसडीएम एवं अधिकारी रखें क्षेत्रीय बैठकें—-
जिला कलक्टर ने सभी एसडीएम को अपने क्षेत्रों में विभागीय समन्वय बैठकों का आयोजन कर जमीनी हकीकत के अनुसार आपदा प्रबंधन योजनाएं तैयार करने के निर्देश दिए। शहरी क्षेत्रों में सीवरेज एवं नालों की नियमित सफाई, जलभराव स्थलों पर सुरक्षा उपायों को भी प्राथमिकता दी जाए।
यह अधिकारी रहे मौजूद—-
बैठक में एसडीएम कोटपूतली बृजेश चौधरी, एएसपी शालिनी राज, डीएसओ शशि शेखर शर्मा, प्रशिक्षु आरएएस दिनेश कुमार सहित सभी संबंधित अधिकारी मौजूद रहे। अन्य उपखंड अधिकारी वर्चुअल रूप से बैठक से जुड़े।




