एडीएम ने किया पीएचसी रघुनाथपुरा व प्राथमिक विद्यालय आसपुरा का औचक निरीक्षण !
मेडिकल ऑफिसर एवं 2 कार्मिक पाए गए अनुपस्थित, संबंधितों को किया पांबद !
लचर सफाई व्यवस्था पर जताई नाराजगी,
व्यवस्थाओं में सुधार के दिए निर्देश !
कोटपूतली-बहरोड़-
अतिरिक्त जिला कलक्टर ओमप्रकाश सहारण ने क्षेत्र के दो संस्थानों रघुनाथपुरा स्थित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) और आसपुरा के राजकीय प्राथमिक विद्यालय का औचक निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान मिली खामियों पर उन्होंने नाराजगी जाहिर करते हुए संबंधित अधिकारियों को पाबंद करने और आवश्यक सुधार के निर्देश दिए।
चिकित्सक व 2 कार्मिक अनुपस्थित, ढीली सफाई व्यवस्था पर नाराजगी—–
निरीक्षण के दौरान एडीएम ओमप्रकाश सहारण को प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पीएचसी रघुनाथपुरा
पर चिकित्साधिकारी सहित दो कार्मिक अनुपस्थित मिले। ओपीडी में मरीजों की संख्या कम पाई गई वहीं वार्डों और शौचालयों की सफाई व्यवस्था भी असंतोषजनक रही। एडीएम ने नाराजगी जताते हुए मौके पर ही संबंधितों को नोटिस देने और नियमानुसार कार्रवाई के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि मौसमी बीमारियों की रोकथाम हेतु ठोस कार्ययोजना बनाई जाए तथा दवाओं का समुचित भंडारण सुनिश्चित किया जाए। ओपीडी रजिस्टर में सही क्रमांक अंकित करने, आगंतुकों से संवाद स्थापित करने और संस्थान में मरीजों को सरकार की मंशानुरूप गुणवत्तापूर्ण सेवाएं देने के निर्देश दिए।
मिड-डे मील, शिक्षण व्यवस्था और साफ-सफाई पर दिया जोर—–
राजकीय प्राथमिक विद्यालय आसपुरा के निरीक्षण के दौरान एडीएम ने मिड-डे मील वितरण, राशन स्टॉक, भोजन मेन्यू, रसोई की सफाई तथा बच्चों को दिए जा रहे भोजन की गुणवत्ता की जांच की। उन्होंने संतुलित एवं पौष्टिक आहार सुनिश्चित करने के निर्देश देते हुए शिक्षकों को बच्चों के मानसिक व शारीरिक विकास पर विशेष ध्यान देने को कहा।
बच्चों से संवाद कर एडीएम ने शैक्षणिक स्तर की भी परख की और शिक्षकों को पढ़ाई के स्तर को और बेहतर करने के निर्देश दिए। उन्होंने विद्यालय में बैठक व्यवस्था, पेयजल सुविधा, शौचालयों की स्वच्छता और रजिस्टरों की नियमितता सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए।
आम जन तक पहुंचे योजनाओं का लाभ, सुधार के निर्देश—-
एडीएम ओमप्रकाश सहारण ने कहा कि जनसेवाओं की गुणवत्ता में कोई समझौता नहीं होगा। सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ आमजन तक ईमानदारी से पहुंचे यह प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि लापरवाही किसी भी स्तर पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी और संबंधित अधिकारियों को समयबद्ध सुधार सुनिश्चित करना होगा।




