ममता बनर्जी की विवादित टिप्पणी पर बवाल: सिलीगुड़ी में देशद्रोह का मामला दर्ज,
* गिरफ्तारी की मांग को लेकर हाईकोर्ट जाने की तैयारी
अधिवक्ता रिंकू चटर्जी सिंह
अजित प्रसाद/ सिलीगुड़ी (पश्चिम बंगाल) : पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की हालिया विवादित टिप्पणी को लेकर उनकी मुश्किलें बढ़ती नजर आ रही हैं। इस टिप्पणी के विरोध में कलकत्ता हाईकोर्ट की जलपाईगुड़ी सर्किट बेंच की अधिवक्ता रिंकू चटर्जी सिंह ने सिलीगुड़ी साइबर थाने में उनके खिलाफ देशद्रोह (राष्ट्रद्रोह) का मामला दर्ज कराया है। इस घटना के बाद से राज्य के राजनीतिक गलियारों में भारी तनाव और सरगर्मी बढ़ गई है।मुख्य बिंदु:चुनाव आयोग और केंद्रीय बलों पर उठाए थे सवाल: शिकायतकर्ता अधिवक्ता रिंकू चटर्जी सिंह का आरोप है कि ममता बनर्जी ने जानबूझकर चुनाव आयोग और केंद्रीय सुरक्षा बलों (Central Forces) की निष्पक्षता पर सवाल खड़े किए हैं, जिसका मुख्य उद्देश्य आम जनता के मन में असंतोष और घृणा की भावना पैदा करना है।अंतरराष्ट्रीय स्तर पर देश की छवि को नुकसान: शिकायत में आगे कहा गया है कि बांग्लादेश में हुई एक हालिया हत्याकांड की घटना में भारत सरकार और केंद्रीय गृह मंत्री का नाम घसीटकर ममता बनर्जी ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर देश के सम्मान को ठेस पहुंचाई है। उनका यह बयान पड़ोसी देश के साथ भारत के राजनयिक (कूटनीतिक) संबंधों को संकट में डाल सकता है।राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए खतरा: शिकायत पत्र में इस बात का विशेष उल्लेख किया गया है कि पूर्व मुख्यमंत्री का यह गैर-जिम्मेदाराना बयान दोनों देशों के बीच सांप्रदायिक सद्भाव को बिगाड़ सकता है, जो सीधे तौर पर भारत की राष्ट्रीय सुरक्षा और संप्रभुता के लिए एक बड़ी चुनौती है।भारतीय न्याय संहिता (BNS) के तहत मामला दर्जइस मामले में पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 152, 153, 153ए सहित कई अन्य गंभीर धाराओं के तहत शिकायत दर्ज की है।अधिवक्ता रिंकू चटर्जी सिंह ने इस पूरे मामले की तुरंत और निष्पक्ष जांच की मांग की है। इसके साथ ही उन्होंने ऐलान किया है कि आगामी 8 जून को जैसे ही ग्रीष्मकालीन अवकाश के बाद हाईकोर्ट खुलेगा, वे पूर्व मुख्यमंत्री की तत्काल गिरफ्तारी की मांग को लेकर अदालत में एक जनहित याचिका (मामला) दायर करेंगी।



