बांग्लादेशी युवक ने सीमा पार कर भारत में बनाई पहचान, ससुराल को बताया माता-पिता , पत्नी ने खुलासा कर मचाई हलचल
स्वरूपनगर , उत्तर 24 परगना (पश्चिम बंगाल): उत्तर 24 परगना जिले के बशीरहाट महकमा अंतर्गत स्वरूपनगर थाना क्षेत्र के सराफुल निर्माण ग्राम पंचायत के राघबकाटी गांव (बूथ संख्या 134) में एक बांग्लादेशी युवक द्वारा अवैध रूप से भारत में बसने और दस्तावेज़ हासिल करने का मामला सामने आया है।
आरोपी युवक का नाम लाल्टू धाबुक है, जिसकी उम्र लगभग 30 वर्ष है और वह बांग्लादेश के सातक्षीरा जिले का निवासी बताया जा रहा है। जानकारी के अनुसार, वह पहले यूरोप में रह चुका था और पिछले सात साल से भारत में अवैध रूप से रह रहा है।
सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि लाल्टू ने भारत में वोटर कार्ड, आधार कार्ड जैसे महत्वपूर्ण दस्तावेज भी हासिल कर लिए हैं, जिसमें उसने अपनी ससुराल वालों को माता-पिता के रूप में दिखाया है। उसकी पत्नी सालेहा बीबी ने खुलेआम स्वीकार किया कि
> “मेरे माता-पिता के कोई बेटा नहीं था, इसलिए लाल्टू यहीं हमारे साथ रहता है। हम दोनों की शादी हो चुकी है और हमारा एक बच्चा भी है।”
इस बीच, लाल्टू से जब मीडिया ने बात करने की कोशिश की, तो उसने कोई जवाब नहीं दिया। गांव में वह कृषि कार्य से जुड़ा हुआ है।
लोगों में सवाल उठ रहे हैं कि एक विदेशी नागरिक ने कैसे इतनी आसानी से भारत में दस्तावेज़ बना लिए और वह कैसे वर्षों से यहां बिना किसी वैध पहचान के रह रहा है।
ग्रामवासियों और ससुराल वालों ने भी यह स्वीकार किया है कि लाल्टू समय-समय पर बांग्लादेश भी जाता है, जिससे उसके भारतीय होने पर और भी संदेह गहराता है।
अब यह भी सवाल उठ रहा है कि क्या “लाल्टू” उसका असली नाम है या उसने अपनी पहचान भी छुपा रखी है।
प्रशासन और खुफिया एजेंसियों के लिए यह मामला चिंता का विषय बन चुका है, और अब यह देखना दिलचस्प होगा कि इस पर कानूनी कार्रवाई कब और कैसे की जाती है।


