बारुईपुर दरिंदगी मामला: आरोपियों को कड़ी सजा की मांग को लेकर कांग्रेस का मोमबत्ती मार्च,
* बंगाल के मुख्यमंत्री ने दिए सख्त कार्रवाई के निर्देश
बशीरहाट/बारुईपुर: बारुईपुर में 12 साल की मासूम बच्ची के साथ हुए सामूहिक दुष्क**र्म और हत्**या के मामले को लेकर पूरे राज्य में भारी आक्रोश है। इस भयावह घटना के विरोध में और सभी दोषियों को जल्द से जल्द कड़ी सजा देने की मांग को लेकर राष्ट्रीय कांग्रेस की ओर से बशीरहाट में एक विशाल मोमबत्ती मार्च (कैंडल मार्च) निकाला गया।कांग्रेस ने निकाला 3 किलोमीटर लंबा विरोध मार्च कांग्रेस कार्यकर्ताओं और स्थानीय लोगों ने बशीरहाट 1 नंबर ब्लॉक के पाइकपाड़ा बाजार से इस विरोध प्रदर्शन की शुरुआत की। हाथों में मोमबत्तियां और तख्तियां लिए प्रदर्शनकारियों ने करीब तीन किलोमीटर लंबा पैदल मार्च निकाला। कांग्रेस नेतृत्व ने इस जघन्य अपराध की कड़े शब्दों में निंदा करते हुए कहा, “एक 12 साल की बच्ची को जिस तरह से अपराधियों ने बहला-फुसलाकर बुलाया और फिर उसके साथ दरिंदगी कर उसकी जान ले ली, वह बेहद शर्मनाक है। जब तक इस मामले के सभी दोषियों को कठोरतम सजा नहीं मिल जाती, हमारा यह आंदोलन जारी रहेगा।”मुख्य आरोपी प्रभास मंडल पुलिस एनकाउंटर में ढेरमामले की जांच के बीच एक बड़ा घटनाक्रम सामने आया है। पुलिस सूत्रों के अनुसार, मुख्य आरोपी प्रभास मंडल को जब पुलिस जांच और सीन रिक्रिएशन के लिए घटनास्थल पर ले जा रही थी, तब उसने भागने की कोशिश की। रास्ते में आरोपी ने पुलिस का हथियार छीनने का प्रयास किया और पुलिस टीम पर गोलियां चला दीं। पुलिस ने आत्मरक्षा में जवाबी फायरिंग की, जिसमें प्रभास मंडल को गोली लग गई। उसे तुरंत नजदीकी अस्पताल ले जाया गया, जहाँ डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।इस घटनाक्रम को लेकर कांग्रेस नेताओं ने पूर्व के बयानों को याद करते हुए कहा कि जब वर्तमान मुख्यमंत्री माननीय शुभेंदु अधिकारी विपक्ष के नेता थे, तब उन्होंने कहा था, “सुबह पकड़ेंगे, शाम को हिसाब बराबर करेंगे, जेल में बंद करके नहीं रखेंगे।””अन्याय बर्दाश्त नहीं, कानून अपना काम करेगा”: मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी इस संवेदनशील मामले और राज्य की कानून-व्यवस्था पर कड़ा रुख अपनाते हुए राज्य के प्रशासनिक प्रमुख व मुख्यमंत्री माननीय शुभेंदु अधिकारी ने साफ कर दिया है कि किसी भी अपराधी को बख्शा नहीं जाएगा। मुख्यमंत्री ने कहा, “पिछले 15 वर्षों में इस पश्चिम बंगाल में जिस तरह से भ्रष्टाचार और महिलाओं पर अत्याचार हुआ है, वर्तमान सरकार उसे अब कतई बर्दाश्त नहीं करेगी।”उन्होंने प्रशासन को सख्त निर्देश देते हुए कहा कि किसी भी तरह के अन्याय को सहन नहीं किया जाएगा। पुलिस और प्रशासन बिना किसी राजनीतिक रंग या प्रभाव को देखे निष्पक्षता से अपना काम करेंगे। साथ ही उन्होंने चेतावनी दी कि राज्य में किसी को भी डराने-धमकाने या भय का माहौल बनाने की इजाजत नहीं दी जाएगी, और ऐसा करने वालों के खिलाफ प्रशासन तुरंत सख्त कानूनी कदम उठाएगा।




