भड़काऊ भाषण मामला: शक्तिपुर थाने में आज पेश हुए विधायक हुमायूं कबीर, पुलिस की कड़ी पूछताछ
अजित प्रसाद/बहरामपुर/शक्तिपुर (मुर्शिदाबाद) :भड़काऊ और विवादित बयान देने के मामले में फंसे आम जनता उन्नयन पार्टी (AJUP) के अध्यक्ष और नदिया/मुर्शिदाबाद क्षेत्र के कद्दावर नेता हुमायूं कबीर आज, रविवार को पूर्व निर्धारित समन के अनुसार मुर्शिदाबाद जिले के शक्तिपुर थाने में पेश हुए। पुलिस अधिकारियों द्वारा मामले को लेकर उनसे सघन पूछताछ की जा रही है। गौरतलब है कि इससे पहले भी हुमायूं कबीर को शक्तिपुर थाने की पुलिस ने तलब किया था, लेकिन उन्होंने स्थानीय अधिकारियों की भूमिका पर सवाल उठाते हुए पहली बार हाजिर होने से इनकार कर दिया था, जिसके बाद पुलिस ने दोबारा उनके घर जाकर नोटिस तामील कराया था। पिछले मंगलवार को ही उन्होंने रेजीनगर थाने में पुलिस के समक्ष पेश होकर करीब साढ़े चार घंटे तक के सवालों का सामना किया था, जहां से निकलने के बाद कबीर ने सार्वजनिक रूप से बयान दिया था कि वे 19 जुलाई को शक्तिपुर थाने की जांच प्रक्रिया में भी शामिल होंगे। क्या है पूरा मामला?हुमायूं कबीर पर आरोप है कि उन्होंने पिछले दिनों रेजीनगर के काशीपुर और शक्तिपुर में आयोजित राजनीतिक सभाओं के दौरान विपक्षी दलों (विशेषकर भाजपा) और पुलिस प्रशासन के खिलाफ बेहद आक्रामक और सांप्रदायिक रूप से संवेदनशील टिप्पणी की थी। उन्होंने सरेआम एक पुलिस अधिकारी (OC) के खिलाफ आपत्तिजनक शब्दों का प्रयोग किया था। इस मामले को लेकर पश्चिम बंगाल विधानसभा में मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने कड़ा रुख अपनाते हुए कहा था कि राज्य में ऐसी धमकियों और भड़काऊ बयानों को कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा, जिसके तुरंत बाद पुलिस ने उनके खिलाफ गैर-जमानती धाराओं के तहत मामला (FIR) दर्ज किया था।थाने के बाहर सुरक्षा के पुख्ता इंतजामआज हुमायूं कबीर जब अपने समर्थकों के साथ शक्तिपुर थाने पहुंचे, तो कानून व्यवस्था को बनाए रखने के लिए थाना परिसर और उसके आस-पास भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया था। पुलिस सूत्रों के मुताबिक, कबीर के भाषण के वीडियो फुटेज को सामने रखकर उनसे सवाल-जवाब किए जा रहे हैं। पूछताछ के बाद बाहर आकर विधायक हुमायूं कबीर मीडिया के सामने क्या पक्ष रखते हैं, इस पर राजनीतिक विश्लेषकों की नजरें टिकी हुई हैं।



