दार्जिलिंग के गौरव और ‘इंडियन आइडल’ विजेता प्रशांत तामांग का पार्थिव शरीर बागडोगरा हवाई अड्डे पर पहुँचा,

अजित प्रसाद,सिलीगुड़ी/बागडोगरा :दार्जिलिंग की पहाड़ियों के लाडले और गोरखा समाज की पहचान, प्रशांत तामांग अब हमारे बीच नहीं रहे। रविवार को दिल्ली स्थित अपने आवास पर दिल का दौरा पड़ने से 43 वर्षीय इस लोकप्रिय कलाकार का आकस्मिक निधन हो गया। सोमवार को जैसे ही उनका पार्थिव शरीर बागडोगरा हवाई अड्डे पर पहुँचा, समूचा पहाड़ शोक में डूब गया।प्रशांत तामांग के अंतिम दर्शन के लिए बागडोगरा हवाई अड्डे पर लोगों का भारी हुजूम उमड़ पड़ा।

पहाड़ियों से आए आम नागरिकों के साथ-साथ उनके रिश्तेदारों और विभिन्न राजनीतिक दलों के नेताओं ने उन्हें पुष्प अर्पित कर भावभीनी श्रद्धांजलि दी। हवाई अड्डे का दृश्य अत्यंत हृदयविदारक था, जहाँ प्रशंसकों की आँखें नम थीं और हर कोई अपने चहेते गायक को अंतिम विदाई देने पहुँचा था।साल 2007 में एक प्रसिद्ध रियलिटी शो (इंडियन आइडल) जीतकर प्रशांत तामांग रातों-रात पूरे देश में अपनी पहचान बनाने में सफल रहे थे। उनकी यह जीत केवल एक व्यक्तिगत उपलब्धि नहीं थी, बल्कि इसने पूरे गोरखा समुदाय को एक नई पहचान और गौरव प्रदान किया था। उन्हें ‘पहाड़ का गौरव’ माना जाता था। उनके निधन की खबर मिलते ही दार्जिलिंग, कलिम्पोंग और सिक्किम सहित उत्तर बंगाल के विभिन्न हिस्सों में शोक की लहर दौड़ गई है। राजनीतिक नेतृत्व और सामाजिक संगठनों ने इसे संगीत जगत और गोरखा समाज के लिए एक अपूरणीय क्षति बताया है।




