अमेज़न पर उपलब्ध हुआ अभिनेत्री एवं लेखिका कुसुम चौहान का दूसरा काव्य संग्रह “सुनो प्रियतम”
*राजू बोहरा / वरिष्ठ संवाददाता*
हिंदी और उत्तराखंडी फिल्मो, थिएटर की जानीमानी अदाकारा एवं लेखिका कुसुम चौहान का पहला हिन्दी काव्य संग्रह ‘दिल के कोने में’ लोगो को खासा पसंद आया था और अब अभिनेत्री एवं लेखिका कुसुम चौहान पाठको के लिए अपना दूसरा नया काव्य संग्रह “सुनो प्रियतम” भी लेकर हाजिर हो गई है जो अब अमेज़न पर उपलब्ध है और लेखक, साहित्यकार और पाठकगण आर्डर कर मगवा कर पढ़ भी रहे है और लेखिका कुसुम चौहान को लोगो का बहुत अच्छा रेस्पॉन्स भी मिल रहा है। दूसरे नये काव्य संग्रह “सुनो प्रियतम” की उनकी सभी कविताओ को सभी तरह के पाठकों की सराहना भी मिल रही है।
कुसुम चौहान के इस दूसरे काव्य संग्रह “सुनो प्रियतम” का लोकार्पण पिछले साल देहरादून के लेखक गांव में आयोजित “स्पर्श हिमालय महोत्सव 2024″ में केंद्रीय पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री श्री गजेंद्र सिंह शेखावत, केंद्रीय सड़क एवं परिवहन राज्य मंत्री श्री अजय टमटा, भारत के पूर्व शिक्षा मंत्री डॉ. रमेश पोखरियाल ‘निशंक’, परमार्थ निकेतन के परमध्यक्ष स्वामी चिदानंद सरस्वती महाराज, टैगोर विश्वविद्यालय के कुलाधिपति श्री संतोष चौबे एवं संकल्प फाउंडेशन की अध्यक्ष श्री संतोष तनेजा ने संयुक्त रूप से किया था।
सुनो प्रियतम ‘काव्य संग्रह’ में छोटी बड़ी कुल मिलाकर 76 कविताएं संकलित है, जो प्यार, प्रेम, प्रकृति, संस्कृति एवं पर्यावरण आदि पर आधारित है। कुसुम चौहान एक प्रसिद्ध फिल्म अभिनेत्री एवं नाटककर्मी है जो कई हिंदी फिल्मों और अनेक उत्तराखंडी भाषा की फिल्मों में दमदार अभिनय कर चुकी है। वह वर्ष 2012 में सर्वश्रेष्ठ अभिनेत्री का ‘यंग उत्तराखंड सिने अवार्ड 2012 भी जीत चुकी है। गौरतलब है अभिनेत्री कुसुम चौहान की रूचि शुरू से ही अभिनय के साथ-साथ लेखन में भी अच्छी खासी रही है उसी का परिणाम है की उनके लगातार दो काव्य संग्रह ‘दिल के कोने में’ और सुनो प्रीतम” पाठकों के बीच आ गए है।



