राष्ट्रीय लोक अदालत में ना कोई पक्ष जीतता है और ना कोई हारता: न्यायाधीश महेश कुमार सिंह

व्यवहार न्यायालय परिसर में आयोजित राष्ट्रीय लोक अदालत में उमड़ी पक्षकारों की भीड़, बढ़-चढ़कर मामलों का निष्पादन कराकर ली राहत की सांस

 

नन्दकिशोर दास

बेगूसराय ब्यूरो। शनिवार को व्यवहार न्यायालय परिसर में राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया गया। राष्ट्रीय लोक अदालत का विधिवत उद्घाटन प्रभारी जिला एवं सत्र न्यायाधीश महेश कुमार सिंह, परिवार न्यायालय के प्रधान न्यायाधीश बृजेंद्र कुमार जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सचिव न्यायाधीश करुणा निधि प्रसाद आर्या, पुलिस अधीक्षक मनीष, एडीएम बृज किशोर चौधरी, जिला अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष संजीत कुमार, जिला वकील संघ के अध्यक्ष ध्रुव महतो, जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सचिव न्यायाधीश करुणा निधि प्रसाद आर्या ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्ज्वलित कर किया। प्रभारी प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश महेश कुमार सिंह ने कहा कि राष्ट्रीय लोक अदालत एक ऐसा अवसर है, जिसमें पक्षकार अपने वादों का निपटारा सुलह के माध्यम से कर सकते हैं। इसमें ना कोई पक्ष जितता है और ना कोई पक्ष हारता है। दोनों की जीत होती है। इसका कहीं कोई अपील नहीं होता है। परिवार न्यायालय के प्रधान न्यायाधीश विजेंद्र कुमार ने कहा कि मैं राष्ट्रीय लोक अदालत में आए हुए सभी पक्षकारों का स्वागत करता हूं। सभी अस्थाई बेंच के पदाधिकारियों से अपील करता हूं कि आप पक्षकारों को अधिक से अधिक राहत दें। उनके वादों का निपटारा करें। पुलिस अधीक्षक मनीष ने कहा कि विगत दो महीने से बेगूसराय पुलिस राष्ट्रीय लोक अदालत के नोटिस का तमिला कर रही है और मुझे पूरा भरोसा है कि इस बार राष्ट्रीय लोक अदालत में अधिक से अधिक मामलों का निष्पादन होगा। जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सचिव न्यायाधीश करुणानिधि प्रसाद आर्या ने सभी बैंक के पदाधिकारियों, बिजली कंपनी के पदाधिकारियों, ग्राम पंचायत पदाधिकारियों, वन विभाग पदाधिकारियों, माप तौल विभाग से संबंधित पदाधिकारियों एवं अन्य विभाग जो राष्ट्रीय लोक अदालत में आए हैं, उन सभी से अपने-अपने बेंच में आए हुए पक्षकारों को अधिक से अधिक रिलीफ देने की अपील की। ताकि उनके मामलों का निष्पादन हो सके। प्राधिकार के सचिव न्यायाधीश करुणानिधि प्रसाद आर्या ने बताया कि इस बार राष्ट्रीय लोक अदालत में कुल 18 अस्थाई बेंच बनाए गए हैं। जिसमें बेगूसराय में 13, अनुमडल स्तर पर तेघरा, बलिया, मंझौल एवं बखरी में एक-एक बेंच और रेलवे न्यायालय में एक अस्थाई बेंच बनाए गए हैं। प्राधिकार के सचिव न्यायाधीश करुणा निधि प्रसाद आर्या ने बताया कि पिछले दो महीने से अधिकार मित्र एवं जिला प्रशासन के सहयोग से राष्ट्रीय लोक अदालत में अधिक से अधिक बाद के निपटारे के लिए प्रचार प्रसार किए गए हैं। इस बार राष्ट्रीय लोक अदालत का संचालन न्यायिक दंडाधिकारी प्रथम श्रेणी मिठू रानी एवं सानू कुमार ने किया। कार्यक्रम के शुरुआत में बालिका होम की बच्चियों ने राष्ट्रगान गाया। आए हुए अतिथियों का स्वागत गान गाकर किया गया। राष्ट्रीय लोक अदालत में प्रति घंटे मामलों के निष्पादन को देखने के लिए प्रभारी जिला एवं सत्र न्यायाधीश महेश कुमार सिंह, जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सचिव न्यायाधीश करुणा निधि प्रसाद आर्या, व्यवहार न्यायालय के नायाब नाजिर अभिनव, सहायक उदय कुमार, इंद्रसेन शर्मा एवं अधिकार मित्र शैलेश कुमार घूम-घूमकर पक्षकारों को समझाते नजर आए। सभी पदाधिकारियों को प्रभारी जिला एवं सत्र न्यायाधीश महेश कुमार सिंह के द्वारा निर्देश दिया गया कि आप सभी पक्षकारों के मामलों को सुने और उनके समाधान का हर संभव प्रयास करें। पहली बार राष्ट्रीय लोक अदालत में देखा गया की बारिश के बावजूद भी पक्षकारों की भीड़ लगी रही और मामलों का निष्पादन होता रहा। मौके पर अपर जिला जज द्वितीय संजय कुमार, बृजेश कुमार सिंह, एसीजेएम रंजन कुमार, एक्सम का सुशांत कुमार, एसडीजेएम रूबी कुमारी, न्यायिक दंडाधिकारी प्रथम श्रेणी शालिनी किरण, नैंसी कुमारी, राकेश कुमार, आलोक कुमार, रोहित, कंचन रानी, अजिताभ व्यवहार न्यायालय के नायब नाजिर अभिनव, कार्यालय अधीक्षक शशि भूषण मिश्रा, प्राधिकार के सहायक इंद्रसेन शर्मा, उदय कुमार, शशि कुमार रंजीत कुमार, संगम मिश्रा, आलोक, रवि, एलएडीसी के शशि कुमार सिंह, अशोक कुमार झा, वीरेंद्र कुमार, अखिलेश कुमार, सुधा कुमारी, कोर्ट मैनेजर परितोष कुमार, सिस्टम ऑफिसर धर्मशील कुमार, अधिकार मित्र शैलेश कुमार, सुजीत कुमार, रंजन कुमार, शंभू कुमार, गणेश कुमार, गौतम कुमार, विवेक कुमार, अतुल कुमार, सुजीत कुमार, मुरारी कुमार उपस्थित थे।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button